Madhya Pradesh : मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने महू में विद्यार्थियों से किया संवाद, प्लेसमेंट प्रमाण-पत्र किए वितरित, स्टार्टअप और नवाचार को बढ़ावा देने राज्य सरकार सदैव तत्पर
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि...
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि...
भोपाल। मध्यप्रदेश के माननीय मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव...
भोपाल। मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का...

यदि आपके पास कटे-फटे और पुराने नोट हैं तो उन्हें बदलने के लिए परेशान होने की जरूरत नहीं है। आप अपने नजदीकी किसी भी बैंक शाखा में उन नोटों को बदल सकते हैं। कोई भी बैंक शाखा नोट लेने से इनकार नहीं कर सकती। सभी बैंक इन नोटों को बदलने के लिए बाध्य हैं। रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया का सभी बैंकों को साफ निर्देश है। बैंकों को नोट बदले जाने की सुविधा का बोर्ड भी लगाना है। फटे नोट के बचे हुए हिस्से के आधार पर बैंक उसका रिफंड देंगे।
राज्यभर से ऐसी शिकायतें मिलती रही हैं कि बैंक फटे और पुराने नोट बदलने से इनकार कर देते हैं। सबसे ज्यादा दिक्कत दूर-दराज के इलाकों में है। वहां कहा जाता है कि नोट बदलने के लिए आरबीआई के ऑफिस या बैंक के पटना कार्यालय जाना होगा। मगर ऐसा नहीं है। ग्राहकों को नियमों की जानकारी न होने का बैंक गलत फायदा उठाते हैं। आरबीआई के अधिकारियों ने शुक्रवार को पटना में यह स्पष्ट किया कि कि नोट रिफंड रूल्स-2018 में इस बात को पूरी तरह स्पष्ट किया गया है। कहा कि जो शाखा नोट नहीं बदले, उसकी शिकायत बैंकिंग लोकपाल, आरबीआई के शिकायत पोर्टल पर की जा सकती है। संबंधित शाखा के खिलाफ आरबीआई कार्रवाई करेगा।
ऐसे मिलेगा फटे नोटों का रिफंड
जहां तक कटे-फटे नोटों को बदले जाने का सवाल है तो नोट के कटे हुए टुकड़े के आधार पर उसका रिफंड मिलेगा। आरबीआई के नियमानुसार 50 रुपये से नीचे और उससे ऊपर के नोटों के लिए रिफंड के अलग-अलग नियम हैं। 50 से ऊपर के नोटों की बात करें तो यदि फटे नोट का 80 प्रतिशत हिस्सा आपके पास है तो बैंक उसका शत-प्रतिशत रिफंड देगा। यदि यह टुकड़ा 40 प्रतिशत से अधिक है तो आधी कीमत मिलेगी। वहीं, यदि 40 प्रतिशत से छोटा टुकड़ा है तो उसका कोई पैसा नहीं मिलेगा।