पंजीकृत संगठन बनाने पर सहमति, मजदूर की लड़ाई तेज करने का ऐलान, मंडी हम्मालों ने भरी हुंकारः मजबूत यूनियन के लिए एकजुट होने का लिया संकल्प
गंजबासौदा(ओपी चौरसिया)। कृषि उपज मंडी में हम्मालों की बड़ी बैठक आयोजित हुई।...
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गंजबासौदा(ओपी चौरसिया)। ग्राम त्योंदा में एक कच्चे मकान में रखे भूसे में...
गंजबासौदा(ओपी चौरसिया)। शासन के स्पष्ट प्रतिबंध के बाद भी खेतों में नरवाई...
गंजबासौदा(ओपी चौरसिया)। बर्रीघाट रोड स्थित श्रीधाम दरबार में आयोजित होने वाली श्री...

हमारे देश में तकरीबन 25,000 टन सोना लोगों के पास रखा हुआ है. इसमें से 10-12 हजार टन सोना अमीर लोगों के पास है. यह सोना बैंक के लॉकरों या घर की अलमारियों में पड़ा है. इस सोने का इस्तेमाल देश की अर्थव्यवस्था में नहीं हो पा रहा है. सरकार की कोशिश इस सोना को बाहर निकालने की है.
बजट में आपने राजकोषीय घाटे का जिक्र सुना होगा. सरकारी बैंकों और संपत्तियों के निजीकरण पर विपक्ष के ऐतराज से भी वाकिफ हो गए होंगे, लेकिन आपको सरकार के उस अभूतपूर्व फैसले के बारे में बताने वाले हैं जो आने वाले दिनों में आपकी जिंदगी को प्रभावित करेगा.
इस बार के बजट में सोना-चांदी की कस्टम ड्यूटी को घटाया गया है. मोदी सरकार ने 12.5% से इसे कम करके 7.5% कर दिया है. वित्त मंत्री के इस ऐलान के बाद सोना 1,200 रुपये से ज्यादा सस्ता हो गया.भारत में आम निवेशक मुनाफा कमाने के लिए या तो स्टॉक मार्केट की तरफ भागते हैं या फिर फिक्स्ड डिपॉज़िट करवाते हैं, लेकिन लोग यहां निवेश तब करते हैं. जब सब कुछ सामान्य होता. जब भी दुनिया की अर्थव्यवस्था में अनिश्चितता आती है तो ज्यादातर निवेशकों की पहली पसंद होती है सोना.