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अब तमिलनाडु की आर्थिक सेहत सुधारेंगे रघुराम राजन, सरकार ने दी बड़ी जिम्मेदारी

भारतीय रिजर्व बैंक के पूर्व गवर्नर रघुराम राजन तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन के आर्थिक सलाहकार परिषद के प्रमुख होंगे. रघुराम राजन साल 2013 से 2016 तक आरबीआई के गवर्नर रहे थे, अब उन्हें तमिलनाडु सरकार ने बड़ी जिम्मेदारी दी है.

दरअसल तमिलनाडु सरकार ने राज्य के आर्थिक मुद्दों के लिए आर्थिक सलाहकार परिषद का गठन करने का ऐलान किया है. जिसमें रघुराम राजन, एस्थर डुफ्लो और डॉ अरविंद सुब्रमण्यम समेत कई आर्थिक विशेषज्ञों को जगह दी गई है.

राज्यपाल के अभिभाषण के दौरान ऐलान

इन आर्थिक विशेषज्ञों को मुख्यमंत्री के आर्थिक सलाहकार परिषद में शामिल करने के बारे में 21 जून को तमिलनाडु विधानसभा में राज्यपाल बनवारीलाल पुरोहित के अभिभाषण के दौरान सरकार का प्लान सामने आया है.

रघुराम राजन के अलावा नोबेल पुरस्कार विजेता एस्थर डुफ्लो, भारत के पूर्व मुख्य आर्थिक सलाहकार (CEA) अरविंद सुब्रमण्यम, पूर्व केंद्रीय वित्त सचिव एस. नारायणन और विकास अर्थशास्त्री ज्यां द्रेज शामिल हैं. डॉ. सुब्रमण्यम ने व्यक्तिगत कारणों का हवाला देते हुए नरेंद्र मोदी सरकार के सीईए के पद से इस्तीफा दे दिया था.

केंद्र सरकार पर उठाए थे सवाल

पिछले दिनों कोरोना की दूसरी लहर के कारण देश में बिगड़े हालातों को लेकर आरबीआई के पूर्व गवर्नर रघुराम राजन ने सरकार की आोलचना करते हुए कहा था कि विभिन्‍न कारणों से कई जगहों पर सरकार लोगों की मदद के लिए मौजूद नहीं रही.

यही नहीं, उन्होंने कहा था कि आजादी के बाद कोविड-19 महामारी शायद देश की सबसे बड़ी चुनौती है. उनके मुताबिक जब महामारी पहली बार आई तो लॉकडाउन की वजह से चुनौती मुख्यत: आर्थिक थी, लेकिन अब चुनौती आर्थिक और व्यक्तिगत दोनों ही है.