रूस की ये कैसी चाल, एक तरफ युद्धविराम, दूसरी तरफ हाइपरसोनिक मिसाइल से लैस युद्धपोत किया तैनात - Samacharline.com

देशविदेशहोम

रूस की ये कैसी चाल, एक तरफ युद्धविराम, दूसरी तरफ हाइपरसोनिक मिसाइल से लैस युद्धपोत किया तैनात

रूस ने 2021 के अंत में जिरकॉन हाइपरसोनिक मिसाइल प्रणाली का परीक्षण किया था। उस समय की रिपोर्टों के अनुसार, व्हाइट सी में एडमिरल गोर्शकोव से 400 किलोमीटर दूर निशाने पर फायरिंग की थी और लक्ष्य भेदा था।

रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने यूक्रेन युद्ध में 36 घंटे के संघर्षविराम का ऐलान किया है, दूसरी तरफ उन्होंने उन्नत हाइपरसोनिक मिसाइलों से लैस अपने देश के सबसे आधुनिक युद्धपोतों में से एक को अटलांटिक महासागर के माध्यम से भूमध्य सागर और हिंद महासागर में लंबी यात्रा पर भेजा है। इसकी जानकारी रूस की सरकारी मीडिया ने दी है।

TASS समाचार एजेंसी की एक रिपोर्ट के अनुसार,जहाज के कमांडर और रक्षा मंत्री सर्गेई शोइगू और राष्ट्रपति पुतिन के बीच वीडियो लिंक से हुई बातचीत के बाद एडमिरल गोर्शकोव ने बुधवार को एक अज्ञात उत्तरी रूसी बंदरगाह से युद्धपोत को रवाना किया।

CNN की रिपोर्ट के मुताबिक, पुतिन ने दावा किया कि युद्धपोत जिरकॉन हाइपरसोनिक मिसाइल ले जा रहा है, जो लंबी दूरी तक मार करने वाला हथियार है और जो ध्वनि की गति से पांच गुना अधिक रफ्तार से दुश्मन के ठिकाने को भेद सकता है।

TASS के अनुसार, पुतिन ने कहा, “दुनिया के किसी भी देश में इसका कोई एनालॉग नहीं है।” उन्होंने कहा, “मुझे यकीन है कि इस तरह के शक्तिशाली हथियार रूस को संभावित बाहरी खतरों से मज़बूती से बचाएंगे और हमारे देश के राष्ट्रीय हितों को सुनिश्चित करने में मदद करेंगे।”

बता दें कि रूस ने 2021 के अंत में जिरकॉन हाइपरसोनिक मिसाइल प्रणाली का परीक्षण किया था। उस समय की रिपोर्टों के अनुसार, व्हाइट सी में एडमिरल गोर्शकोव से 400 किलोमीटर (250 मील)दूर निशाने पर फायरिंग की थी और एक नौसैनिक लक्ष्य को मार गिराया था। जब यूक्रेन को अमेरिका और अन्य पश्चिमी देश खतरनाक हथियार दे रहे हैं, तब ऐसी स्थिति में संभावित खतरों को देखते हुए रूस ने अपने मिशन के तहत इसकी पहली तैनाती की है। TASS की रिपोर्ट में कहा गया है कि जिरकॉन की तैनाती से क्षेत्रीय स्थिरता और तैनाती को बल मिल सकेगा।

Page 4MP Achievement Digital AD_300X250