प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में कृषि क्षेत्र में आया अभूतपूर्व बदलाव : मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी - Samacharline.com

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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में कृषि क्षेत्र में आया अभूतपूर्व बदलाव : मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी

चंडीगढ़, 20 जून : हरियाणा के मुख्यमंत्री...

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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में कृषि क्षेत्र में आया अभूतपूर्व बदलाव : मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी

चंडीगढ़, 20 जून : हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कुशल नेतृत्व में पिछले 12 वर्षों में भारत के कृषि क्षेत्र में अभूतपूर्व परिवर्तन आया है। हरियाणा सरकार ने भी इसी दिशा में गति से कार्य करते हुए किसानों की आय बढ़ाने, सिंचाई सुविधाओं का विस्तार करने, प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने, फसल विविधीकरण को प्रोत्साहित करने और कृषि को तकनीक से जोड़ने के लिए अनेक महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं।

मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी शनिवार को पंचकूला में आयोजित राज्यस्तरीय पीएम किसान उत्सव दिवस कार्यक्रम को मुख्य अतिथि के रूप में संबोधित कर रहे थे। इससे पहले मुख्यमंत्री ने किसानों के साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का तारकेश्वर, हुगली पश्चिम बंगाल से लाइव संबोधन सुना।

 प्रधानमंत्री ने आनलाईन माध्यम से पीएम किसान सम्मान निधि की 23वीं किस्त के तहत 9 करोड़ 44 लाख से अधिक लाभार्थी किसानों के बैंक खातों में 18 हजार 880 करोड़ से अधिक की राशि का हस्तांतरण किया। इसमें हरियाणा के 15 लाख 95 हजार 644 लाभार्थी किसानों के खातों में 319 करोड़ 13 लाख रुपये की राशि जारी की गई।

मुख्यमंत्री नायब सिंह ने प्रदेश के किसानों की ओर से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का  आभार प्रकट करते हुए कहा कि आज की इस राशि को मिलाकर हरियाणा के किसानों को 23 किस्तों में कुल 7 हजार 881 करोड़ 60 लाख रुपये दिए जा चुके हैं। यह राशि किसानों के बैंक खातों में बिना किसी बिचैलिए के तथा बिना किसी सिफारिश के पहुंच रही है। उन्होने कहा कि यह धनराशि अन्नदाता के प्रति सम्मान का प्रमाण है। यह उस विश्वास का प्रतीक है कि जो व्यक्ति धरती मां की सेवा करता है, उसकी चिंता देश की सरकार स्वयं करती है। उन्होने कहा कि वे प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी का विशेष रूप से आभार व्यक्त करते हैं जिन्होने किसान कल्याण को शासन की प्राथमिकता बनाया।

उन्होने कहा कि एक समय था, जब किसान सरकारी दफ्तरों के चक्कर लगाता था परंतु आज तकनीक व्यवस्था बदल दी है। अब किसान को सम्मान के लिए किसी के सामने हाथ नहीं फैलाना पड़ता। उसका अधिकार सीधे उसके खाते में पहुंचता है। प्रधानमंत्री का मानना है कि जब किसान मजबूत होगा, तब भारत मजबूत होगा और इसी सोच ने भारत के कृषि क्षेत्र को नई दिशा दी है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में भारत आज विश्व की अग्रणी शक्तियों में अपनी जगह बना रहा है। इसके पीछे प्रधानमंत्री के 4,400 से अधिक दिनों की अथक तपस्या, अटूट संकल्प, दूरदर्शी नेतृत्व और राष्ट्र प्रथम की भावना की शक्ति है।

उन्होने कहा कि हरियाणा सरकार किसानों को सशक्त, मजबूत और प्रगतिशील बनाने के लिए प्रतिबद्व है। राज्य में किसानों की सभी 24 फसलों की खरीद न्यूनतम समर्थन मूल्य पर की जा रही है। पिछले 12 सीजन में अब तक 12 लाख किसानों के खातों में फसल खरीद के 1 लाख 80 हजार करोड़ रुपये डाले जा चुके हैं। उन्होने कहा कि राज्य में प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने के लिए वर्ष 2022 में प्राकृतिक खेती योजना शुरू की थी। हमने प्राकृतिक खेती पर एक पोर्टल भी शुरू किया है। इस पोर्टल पर लगभग 2 लाख किसानों ने 3 लाख एकड़ क्षेत्र का पंजीकरण करवाया है। इसमें से 44 हजार एकड़ क्षेत्र में प्राकृतिक खेती अपनाने के लिए 23 हजार 930 किसानों का सत्यापन किया जा चुका है। वर्ष 2025-26 में प्रदेश में 20 हजार 727 एकड़ क्षेत्र पर प्राकृतिक खेती की गई। इसके अलावा प्राकृतिक खेती के प्रशिक्षण के लिए कुरूक्षत्र-गुरूकुल, जींद-हमेटी, सिरसा-मंगियाना और करनाल-घरौंडा में प्रशिक्षण केंद्र खोले गए है। अब तक 12 हजार से अधिक प्रतिभागियों को प्रशिक्षण दिया जा चुका है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय के सहयोग से कुरूक्षेत्र जिले में 2 हजार एकड़ के कलस्टर पर स्मार्ट एग्रीकल्चर नाम से प्राकृतिक खेती शुरू की जाएगी। इसमें यदि किसानों को किसी प्रकार का नुकसान होगा तो उसकी भरपाई सरकार करेगी। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने किसानों से आहवान किया कि वे खेत में यूरिया और पैस्टीसाईड का अधिक प्रयोग न करें ताकि लोगों के शरीर पर पडने वाले दुष्प्रभावों को समाप्त किया जा सके।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए हरियाणा के कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री श्री श्याम सिंह राणा ने  पीएम किसान सम्मान निधि की 23वीं किस्त जारी करने के लिए प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी का धन्यवाद किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में केंद्र सरकार ने पिछले 12 वर्षो में किसानों को आत्मनिर्भर बनाने और उनकी आय बढ़ाने के उद्देश्य से अनेक कार्यक्रम व योजनाएं चलाई है जिसका लाभ आज देश के करोड़ों किसानों को मिल रहा है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ने प्राकृतिक खेती पर विशेष ध्यान दिया है और उनके नेतृत्व और मार्गदर्शन में हरियाणा सरकार भी प्रदेश में प्राकृतिक खेती को बढ़ावा दे रही है।

 उन्होंने कहा कि रासायनिक खेती के दुष्परिणाम आज समाज के सामने स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहे हैं। कीटनाशकों एवं रासायनिक तत्वों के अवशेष हमारे खाद्य पदार्थों के माध्यम से मानव शरीर तक पहुंच रहे हैं तथा नवजात बच्चों तक भी इनका प्रभाव देखने को मिल रहा है। उन्होंने किसानों से आह्वान किया कि वे अपनी भूमि, जल, पर्यावरण तथा आने वाली पीढ़ियों के स्वास्थ्य की रक्षा के लिए प्राकृतिक खेती को अपनाएं और एक स्वस्थ वातावरण का निर्माण करें।

इस अवसर पर हरियाणा शिवालिक विकास बोर्ड के उपाध्यक्ष ओमप्रकाश देवीनगर, जिला अध्यक्ष अजय मित्तल, हरियाणा कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव विजयेंद्र कुमार,  महानिदेशक राजनारायण कौशिक, उपायुक्त सतपाल शर्मा, मीडिया सचिव प्रवीण अत्रे व भारी संख्या में किसान उपस्थित रहे।