देशप्रकाश त्रिवेदी की कलम से

गुजरात- मोदी बिन सब सून !

अहमदाबाद samacharline ।

मोदी जी गांधीनगर से दिल्ली क्या गए गुजरात की “श्री” भी ले गए। शासन,प्रशासन,राजनीति, सब कामचलाऊ,सुस्त, और दिशाहीन हो गयी है। आनन्दी बेन के कार्यकाल में सिर्फ”जमीन” के काम हुए,जमीन की राजनीति चली। अब विजय रूपाणी अमित शाह की खड़ाऊ लेकर शासन करने की कोशिश में है।
गुजरात मॉडल गुजरात में ही दम तोड़ रहा है। सड़के खराब हो चुकी है,लालफीताशाही लौट आयी है,अफसर मनमानी कर रहे है,जनप्रतिनिधि असमंजस में है मोदी के मायाजाल को समझने की कोशिश कर रहे है।
गांधीनगर में अजीब बैचेनी है काम करने वाले अफसर “साहेब”के साथ दिल्ली चले गए है। साहेब दिल्ली में व्यस्त है,अमित शाह को उत्तरप्रदेश ने हलाकान कर रखा है ,गुजरात अभी हाशिए पर है।
कामधंधा मंदा है,निवेश ठहरा हुआ है,सोलर प्रोजेक्ट उड़ीसा शिफ्ट हो रहे है। सरकार की जड़ता के कारण बायब्रन्ट गुजरात कूल गुजरात लग रहा है।
पटेल नाराज है,दलित असंतोष उभर रहा है।
बहरहाल गुजरात में मोदी बिन सब सून है।

प्रकाश त्रिवेदी @ samacharline

स्वर्णिम संकुल , गांधीनगर में मोदी
स्वर्णिम संकुल , गांधीनगर में मोदी