मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के तहत 8 जून को हरियाणा से सोमनाथ के लिए रवाना होगी विशेष ट्रेन : मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी
चंडीगढ़, 11 मई- हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब...
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चंडीगढ़, 11 मई – हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब...
नई दिल्ली, 11 मई 2026: रिलायंस फाउंडेशन और...

जबलपुर। शहर में पहली बार ऐसे डस्टबिन लगने जा रहे हैं, जिनमें कचरा भरते ही ऊपर लगा सोलर कॉम्पेक्टर उसे ऑटोमेटिक दबा देगा। करीब 1 करोड़ रुपए से ऐसे 50 डस्टबिन सिंगापुर से मंगाए जा रहे हैं, जिसमें एक साथ रिसाइकेबल, नॉन रिसाइकेबल और अदर वेस्ट के लिए डस्टबिन एक साथ रहेंगे। इस महीने के अंत तक 25 डस्टबिन लग जाएंगे। इन डस्टबिन को स्मार्ट सिटी के एरिया में लगाया जाएगा।
डस्टबिन से फैलने वाले कचरा और बदबू से निजात दिलाने नगर निगम शहर में सोलर कॉम्पेक्टर वाले डस्टबिन लगाने जा रहा है। पीपीपी मोड पर लगने वाले इन डस्टबिन में तीनों प्रकार का कचरा फेंक सकेंगे, लेकिन जो नॉन रिसाइकेबल कचरा होगा उससे जल्दी डस्टबिन न भरे और वह आसपास न फैले इसलिए उसके ऊपर सोलर कॉम्पेक्टर लगा होगा।
डस्टबिन के भीतर लगा सेंसर जैसे ही डस्टबिन भरने का मैसेज भेजेगा यह कॉम्पेक्टर उसे प्रेसकर नीचे दबा देगा। एक बार चार्ज होने के बाद यह कॉम्पेक्टर चार से पांच बार तक कचरा को प्रेस कर सकता है। इतना ही नहीं इसमें लगी तीनों बिन को निकालकर कचरा खाली करने की व्यवस्था भी रहेगी।
चार्जिंग प्वाइंट भी होगा
इस डस्टबिन में मोबाइल चार्जर का प्वाइंट भी रहेगा। आमतौर पर डस्टबिन के पास फैली गंदगी और बदबू के कारण लोग उसके पास भी जाना पसंद नहीं करते हैं। लेकिन इस डस्टबिन में कचरा को दबाने के साथ ही बदबू से निबटने ऑटोमेटिक स्प्रे सिस्टम भी रहेगा। जैसे ही कचरा भरेगा, यह स्प्रे उसकी बदबू खत्म कर देगा जिसके बाद लोग उसके समीप खड़े होकर मोबाइल चार्ज कर सकेंगे।
बिन में रहेगी मशीन
इस डस्टबिन में एक बिन रिसाइकेबल भी होगा। इसमें भी मशीन लगी रहेगी, जो प्लास्टिक की सामग्री को क्रश करके उसे रिसायकिल कर देगी। रिसाइकिल प्लास्टिक का दूसरा उपयोग किया जा सकेगा। तीसरा बिन अदर बेस्ट के लिए होगा।
चिप से चलेगा वाईफाई
डस्टबिन में एक चिप भी रहेगी जो नेटवर्किंग का काम करेगी। इससे जीपीआरएस कनेक्ट रहेगा, ताकि कमांड एंड कंट्रोल सेंटर तक सूचना पहुंचती रहे। इसके अलावा डस्टबिन के आस-पास वाय-फाय सिस्टम भी सक्रिय रहेगा जिसका उपयोग आम जनता कर सकती है।
ये फीचर भी रहेंगे
-डस्टबिन में सिम लगेगी ताकि उसे कमांड एंड कंट्रोल सेंटर से जोड़ा जा सके।
-ऑटोमेटिक स्प्रे सिस्टम रहेगा, ताकि डस्टबिन से बदबू न निकले।
– जीपीआरएस रहेगा।
– मोबाइल चार्जर रहेंगे, ताकि लोग अपना मोबाइल चार्ज कर सकें।
– डस्टबिन के भीतर सेंसर रहेगा, जो कचरा भरते ही कॉम्पेक्टर को मैसेज भेजेगा।
– सेंसर से मैसेज मिलते ही कॉम्पेक्टर कचरा को प्रेस करके दबा देगा।