बॉलीवुड

महानायक अमिताभ बच्चन केबीसी 12 का संचालन पूरे उत्साह और उल्लास के साथ कर रहे हैं. कोरोना काल में लोगों की उम्मीदों को हौसला देने वाला ये सीरियल हमेशा की तरह इस बार भी ज्ञान बढ़ाने के साथ दर्शकों का मनोरंजन कर रहा है. शो में कोलकाता की रहने वाली कंटेस्टेंट रुना साहा ने भाग लिया और शानदार खेल खेला. इस दौरान अमिताभ ने रुना की हौसलाफजाई की और इसी के साथ उन्होंने अपने पिता हरिवंश राय बच्चन द्वारा दी गई बचपन की एक सीख भी साझा की.

अमिताभ बच्चन ने बताया कि जब वे छोटे थे तो उनके पिता हरिवंश राय बच्चन ये कहा करते थे कि मन का हो तो अच्छा ना हो तो और भी अच्छा. अमिताभ बच्चन ने इस पर कहा कि पहले तो उन्हें ये बात बचपन में समझ में नहीं आती थी कि जब चीज मन की हुई ही नहीं तो इसमें अच्छा क्या हुआ. मगर अमिताभ ने साथ में ये भी कहा कि वे जैसे-जैसे बड़े हुए उन्हें बाबूजी की ये बात समझ में आने लगी. अमिताभ बच्चन 78 साल की उम्र में भी अपने पिता जी द्वारा दी गई सीख को भूले नहीं हैं और इसे औरों से भी बांटते हैं.


रुना ने जीते 25 लाख रुपए

बता दें कि कोलकाता की रहने वाली रुना इस हफ्ते की आखिरी कंटेस्टेंट थीं. इसलिए उन्हें सीधे हॉटसीट पर बैठने का मौका मिला. उन्हें इसके लिए फास्टेस्ट फिंगर्स फर्स्ट खेलने की जरूरत नहीं पड़ी. रुना ने कहा कि वे अगर यहां तक पहुंची हैं तो इसके पीछे उनकी बेटी का हाथ है जिसने उनके अंदर कॉन्फिडेंस भरा कि वे केबीसी के गेम में शानदार प्रदर्शन कर सकें. रुना साहा ने शानदार गेम खेला और वे शो से 25 लाख रुपए की धनराशि जीत कर गईं.