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बिकरू कांड: न्यायिक आयोग की जांच में 8 पुलिसवाले दोषी, सजा का ऐलान जल्द

उत्तर प्रदेश के बिकरू गांव में गैंगस्टर विकास दुबे और उसके गुर्गों ने डीएसपी और एसओ समेत 8 पुलिसकर्मियों की हत्या कर दी थी. बाद में विकास दुबे का भी एनकाउंटर हुआ था.

विकास दुबे से जुड़े बिकरू कांड (Bikru kand) की जांच में 8 पुलिसकर्मी दोषी पाए गए हैं, इनपर क्या कार्रवाई होगी इसका जल्द फैसला होगा. बता दें कि बिकरू कांड की जांच के लिए न्यायिक आयोग का गठन हुआ था. उसकी रिपोर्ट में ये 8 पुलिसकर्मी दोषी पाए गए हैं. जानकारी के मुताबिक, DIG अनंतदेव समेत 8 पुलिसकर्मियों को दोषी पाया गया है.

न्यायिक आयोग की जांच में अनंत देव के साथ एसपी (ग्रामीण) रहे प्रद्युमन सिंह, तत्कालीन सीओ कैंट आरके चतुर्वेदी, सूक्ष्म प्रकाश को भी दोषी ठहराया गया है. साथ ही SSP दिनेश कुमार, एडिशनल एसपी बृजेश श्रीवास्तव, सीओ बिल्लौर नंदलाल और पासपोर्ट नोडल अफसर अमित कुमार पर भी अनुशासनात्मक कार्रवाई का निर्देश दिया गया है.

इससे पहले एसआईटी भी कानपुर में तैनात रहे अफसरों व कर्मियों की आरोपियों से मिलीभगत व लापरवाही का दोषी ठहरा चुकी है. एसआईटी ने 4 पुलिस अफसरों पर कठोर दंड व 4 को लघु दंड देने की सिफारिश की थी.

उत्तर प्रदेश के बिकरू गांव में गैंगस्टर विकास दुबे और उसके गुर्गों ने डीएसपी और एसओ समेत 8 पुलिसकर्मियों की हत्या कर दी थी. बाद में विकास दुबे का भी एनकाउंटर हुआ था. विकास कुछ दिन फरार रहा था, इस बीच पुलिसवालों को मारने में शामिल उसके कई साथियों को पुलिस ने पकड़ा. उनमें से कुछ का भी एनकाउंटर हुआ था.

जांच सुप्रीम कोर्ट के पूर्व जज बीएस चौहान की अध्यक्षता में गठित जांच आयोग ने की है. इससे पहले गैंगस्टर विकास दुबे एनकाउंटर मामले में इस तीन सदस्यीय जांच आयोग ने पुलिस को क्लीन चिट दी थी. कहा गया था कि दुबे की मौत के इर्दगिर्द का घटनाक्रम जो पुलिस ने बताया है उसके पक्ष में साक्ष्य मौजूद हैं.