योग को दिनचर्या का हिस्सा बनाएं, स्वस्थ समाज के निर्माण में योगदान दें : मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने आज 12वें...
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने आज 12वें...

ब्रिटेन के वेस्ट मिडलैंड्स में वर्ष 2020 में अपने बेटे के हाथों मारे गए भारतीय मूल के जोड़े की हत्या मामले में नया खुलासा हुआ है। एक रिपोर्ट के मुताबिक, भारतीय मूल के सिख दंपति को बचाया जा सकता है, अगर बेटे के व्यवहार को लेकर दंपति द्वार की गई शिकायत पर सुरक्षा एजेंसियों ने समय रहते ध्यान दिया होता।
फरवरी 2020 में वेस्ट मिडलैंड्स के ओल्डबरी में 25 साल के अनमोल चना ने अपने घर में ही 52 साल की अपनी मां जसबीर कौर और 51 साल के सौतेले पिता रूपिंदर बासन पर चाकू से हमला कर दोनों को मौत के घाट उतार दिया था। इस अपराध को लेकर अगस्त 2020 में बर्मिंघम क्राउन कोर्ट ने अनमोल को आजीवन कारावास या कम से कम 36 साल जेल की सजा सुनाई थी।
इस दोहरे हत्याकांड को लेकर हाल ही में प्रकाशित इंडिपेंडेंट डोमेस्टिक होमिसाइड रिव्यू की रिपोर्ट में कहा गया है कि मानसिक रोग चिकित्सक, अपराधी अनमोल के स्वास्थ्य का सही आकलन करने में विफल रहे। रिपोर्ट में 2002 से 2020 तक परिवार के चिकित्सकों द्वारा साझा की गई जानकारी शामिल की गई है। रिपोर्ट में कहा गया है कि एजेंसियों द्वारा अपराधी के हिंसक व्यवहार और मानसिक रोग को दूर करने के लिए और अधिक प्रयास किया जा सकता था। साथ ही उसकी मां और बहन को बेहतर सहायता प्रदान की जा सकती थी, जो लगातार डर के साए में जी रही थीं।