डीएमएफ की कार्ययोजना में पर्यावरण संरक्षण, शिक्षा, स्वास्थ्य और अधोसंरचना को दें प्राथमिकता – राज्यपाल श्री डेका
राज्यपाल श्री रमेन डेका ने कहा...
राज्यपाल श्री रमेन डेका ने कहा...
राज्यपाल श्री रमेन डेका ने आज...
दिवंगत विधायक श्री डोमनलाल कोर्सेवाड़ा को...
राज्यपाल श्री रमेन डेका ने कहा है कि...
राज्यपाल श्री रमेन डेका ने आज लोकभवन में...
दिवंगत विधायक श्री डोमनलाल कोर्सेवाड़ा को श्रद्धांजलि अर्पित...

बारह ज्योतिर्लिंगों में से एक विश्व प्रसिद्ध श्री महाकालेश्वर मंदिर में मंगलवार तड़के 4 बजे मंदिर के कपाट खोले गए। इसके पश्चात भगवान महाकाल का जल से अभिषेक किया गया। दूध, दही, घी, शहद, फलों के रस से बने पंचामृत से बाबा महाकाल का अभिषेक पूजन किया। भगवान महाकाल ने मस्तक पर त्रिपुण्ड धारण किया। पुष्प अर्पित कर राजा स्वरूप श्रृंगार किया गया।
भस्म आरती के दौरान महाकाल का भांग,चन्दन,सिंदूर और आभूषणों से श्रृंगार किया गया। मस्तक पर चन्दन का तिलक और सिर पर शेषनाग का रजत मुकुट धारण कर रजत की मुंडमाला और रजत जड़ी रुद्राक्ष की माला के साथ साथ सुगन्धित पुष्प से बनी फूलों की माला अर्पित की गयी।
फल और मिष्ठान का भोग लगाया। भस्म आरती में बड़ी संख्या में पहुंचे श्रद्धालुओं ने बाबा महाकाल का आशीर्वाद लिया। महा निर्वाणी अखाड़े की और से भगवान महाकाल को भस्म अर्पित की गयी।