उज्जैन : वर्ष में एक बार नागपंचमी पर खुलने वाले भगवान नागचंद्रेश्वर मन्दिर में दर्शन के लिए उमड़े श्रद्धालु - Samacharline.com

पुष्पवर्षा और चरण प्रक्षालन के साथ देवभूमि ने किया शिवभक्त कांवड़ियों का अभिनंदन -मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी

हरिद्वार-  धर्मनगरी हरिद्वार में कांवड़ यात्रा के...

ग्राम खैनूरी की क्षतिग्रस्त सड़क का मुख्यमंत्री ने लिया तत्काल संज्ञान

देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने चमोली...

मुख्यमंत्री धामी ने मसूरी विधानसभा में विभिन्न विकास योजनाओं का किया लोकार्पण व शिलान्यास

देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मंगलवार...

Live Broadcast

Shri Mahakal Sawari Direct Telecast

samacharline.com | Straight from Mahakal Dham

📍 Location: Mahakaleshwar, Ujjain
🚩 Event: Holy Pavitra Sawari

Watch direct live telecast and divine darshan of Lord Mahakal's holy procession. Streamed live in HD directly on this portal.

samacharline.com
होम

उज्जैन : वर्ष में एक बार नागपंचमी पर खुलने वाले भगवान नागचंद्रेश्वर मन्दिर में दर्शन के लिए उमड़े श्रद्धालु

उज्जैन। साल में एक बार नाग पंचमी के अवसर पर खुलने वाले भगवान श्री नागचंद्रेश्वर के पट रात्रि 12 बजे खोले गए ।

सर्वप्रथम मंदिर के पट खुलने के बाद श्री पंचायती महानिर्वाणी अखाडा श्री महाकालेश्वर मंदिर के महंत विनीतगिरी महाराज ने विधि-विधान से श्री नागचंद्रेश्वर भगवान का पूजन अर्चन किया ।

इस अवसर पर प्रभारी मंत्री गौतम टेटवाल, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी मंत्री सम्पतिया उइके एवं अन्य वरिष्ठ प्रशासनिक और पुलिस अधिकारी मौजूद थे।

श्री नागचंद्रेश्वर की प्रतिमा के पूजन के पश्चात श्री नागचंद्रेश्वर के शिवलिंग का पूजन और अभिषेक किया गया । पूजन अर्चन के बाद भगवान नागचंद्रेश्वर के दर्शन आम दर्शनार्थियों के लिए खोल दिए गए। श्री नागचंद्रेश्वर की प्रतिमा के पूजन के पश्चात श्री नागचंद्रेश्वर के शिवलिंग का पूजन और अभिषेक किया गया । पूजन अर्चन के बाद भगवान नागचंद्रेश्वर के दर्शन आम दर्शनार्थियों के लिए खोल दिए गए। साल में एक बार खुलने वाले भगवान श्री नागचंद्रेश्वर के दर्शन के लिए 28 जुलाई 2025 की रात से ही कतार में लगकर श्रद्धालु पट खुलने का इंतजार कर रहे थे ।

श्री महाकालेश्वर भगवान को भस्मार्ती में रजत शेषनाग धारण करवाया गया

श्री महाकालेश्वर मंदिर में नागपंचमी के पर्व पर श्री महाकालेश्वर भगवान को शेषनाग धारण करवाया गया। कोटितीर्थ कुंड पर श्री आशीष पुजारी द्वारा श्री शेषनाग भगवान के पंचामृत, पूजन-अर्चन-आरती के पश्चात श्री महाकालेश्वर भगवान को भस्मार्ती में रजत के शेषनाग धारण करवाये गये।

अपराह्न 12 बजे हुई अखाड़े से पूजन, पूजन उपरांत श्री महाकालेश्वर के शिखर का ध्वज भी बदला

श्री महाकालेश्वर मंदिर के द्वितीय तल पर श्री नागचन्द्रेश्वर भगवान की अपराह्न 12 बजे श्री पंचायती महानिर्वाणी अखाड़ा के महंत विनितगिरी महाराज द्वारा पूजन किया गया। पूजन पश्यात श्री महाकालेश्वर मंदिर के शिखर पर लगाये जाने वाले ध्वज का पूजन कर नवीन ध्वज लगाया गया।