बिजली मामले में मप्र के 10 सौभाग्य जिलों में 8 इंदौर क्षेत्र के, मप्र ही नहीं देश में सबसे तेज हैं पश्चिम क्षेत्र कंपनी का काम, एमडी आकाश त्रिपाठी की योजना को समय पर पहनाया गया अमलीजाम - Samacharline.com

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बिजली मामले में मप्र के 10 सौभाग्य जिलों में 8 इंदौर क्षेत्र के, मप्र ही नहीं देश में सबसे तेज हैं पश्चिम क्षेत्र कंपनी का काम, एमडी आकाश त्रिपाठी की योजना को समय पर पहनाया गया अमलीजाम

इंदौर। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी की सहज हर घर बिजली योजना सौभाग्य का तेजी से  क्रियान्वयन इंदौर बिजली कंपनी के अधीन हो रहा हैं। इस तेजी का इसी बात से अंदाजा लगाया जा सकता हैं कि मप्र में सात माह में दस जिले सौभाग्य हुए, इसमें से 8 जिले इंदौर बिजली कंपनी के अधीन हैं। अब इंदौर बिजली कंपनी सौभाग्य योजना के क्रियान्वयन में मप्र में नंबर होने के साथ ही देश में भी अग्रणी बनती जा रही हैं।
ऊर्जा विभाग की सूची के अनुसार मप्र में औसतन 86 फीसदी काम हो चुका हैं, इसमें से इंदौर बिजली कंपनी का औसत काम 98 फीसदी हो गया हैं। साथ ही कुल दस जिले इंदौर, उज्जैन, रतलाम, मंदसौर, नीमच, देवास, आगर, खंडवा, हरदा व अशोक नगर सौभाग्य घोषित हुए हैं। इन जिलों में से आठ जिले इंदौर बिजली कंपनी के तहत इंदौर व उज्जैन राजस्व संभाग के हैं। इंदौर बिजली कंपनी के अधीन बुरहानपुर, धार व शाजापुर जिला मई अंत तक सौभाग्य बन जाएगा, यहा करीब 96 फीसदी काम हुआ हैं। खरगोन, बड़वानी, आलीराजपुर, झाबुआ जून में सौभाग्य होंगे। इस तरह जून में मप्र में सिर्फ पश्चिम क्षेत्र बिजली वितरण कंपनी ही एकमात्र सौभाग्य श्रेणी की घोषित हो जाएगी। पूरे देश में अब तक तीन से चार कंपनी व बिजली बोर्ड ही इस तरह 90 से 95 फीसदी काम कर पाएंगे, इस तरह इंदौर बिजली जिले, संभाग, प्रदेश के अलावा देशभर में भी सौभाग्य मामलों में अग्रणी बनने वाली हैं। मप्र पश्चिम क्षेत्र बिजली कंपनी के प्रबंध निदेशक श्री आकाश त्रिपाठी ने बताया कि हमने सौभाग्य योजना के क्रियान्वय में हर दिन का टार्गेट लेकर काम किया, जनवरी से कोई ऐसा माह नहीं गया, जब कंपनी के खाते में सौभाग्य जिले न जुड़े हो।