उज्जैन में दो साल बाद गंभीर जलाशय हुआ लबालब - Samacharline.com

डेनमार्क में CSIT कांग्रेस के अंतरराष्ट्रीय मंच पर गूंजी भारतीय बॉक्सिंग की उपलब्धियों की गूंज, डॉ. राकेश मिश्र ने CSIT अध्यक्ष ब्रूनो मोलेआ एवं महासचिव वोल्फगैंग बुर्घार्ड्ट को भेंट की प्रो बॉक्सिंग लीग सीज़न-1 की विशेष पुस्तक

आल्बोर्ग (डेनमार्क), 15 अक्टूबर 2026। इंडियन...

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जनपदीय पुलिस में महिला आरक्षियों के पद बढ़ाकर 2000 किए जाने के प्रस्ताव को दी मंजूरी

महिला आरक्षियों के लिए सेवा के...

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने दो अग्निवीरों के 40वीं वाहिनी पीएसी में समायोजन को दी मंजूरी, सेवानिवृत्त होने वाले अग्निवीरों को मिलेगा सेवा का अवसर, उपलब्ध रिक्त पदों के सापेक्ष होगा समायोजन

देहरादून। मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी...

उज्जैनमध्य प्रदेश

उज्जैन में दो साल बाद गंभीर जलाशय हुआ लबालब

उज्जैन। शहरवासियों के लिए मुस्कुराने वाली खबर है। शहर में जलापूर्ति का मुख्य केंद्र गंभीर जलाशय लबालब भरा गया है। दो साल बाद बनी इस स्थिति से पीएचई की जल प्रदाय की चिंता खत्म हो गई है। अफसरों का कहना है कि साल 2016 में गंभीर लबालब हुआ था। इसके बाद साल 2017 में गंभीर 78 फीसद ही भराया था।

इस वर्ष 2250 एमसीएफटी क्षमता वाले हमारे गंभीर जलाशय में 2214 एमसीएफटी पानी एकत्र हो गया है, जो गत वर्ष के मुकाबले 483 एमसीएफटी अधिक है। यानी गंभीर में अब इतना पानी है कि पूरे साल 8 एमसीएफटी प्रतिदिन खपत के हिसाब से रोज शहर में जल सप्लाई किया जा सकता है। स्थिति यह है कि अब गंभीर नदी क्षेत्र में 1-2 इंच भी अच्छी बारिश हो गई तो गंभीर डेम के गेट खोलना पड़ सकते हैं।

– 24 घंटों में गंभीर में 16 एमसीएफटी पानी बढ़ा। वजह गंभीर नदी से जुड़े इंदौर के यशवंत सागर डेम के गेट सोमवार रात घंटेभर के लिए 1.20 मीटर खोल देना रही।

– उज्जैन की औसत बारिश 36 इंच है और 4 सितंबर की स्थिति में अब तक इस वर्षाकाल में 29 इंच बारिश हो चुकी है। ये इसी तारीख की स्थिति में गत वर्ष हुई बारिश के मुकाबले 4 इंच अधिक है।

– वर्षाकाल 15 सितंबर तक माना गया है। अनुमान है कि आगामी दिनों में औसत बारिश का कोटा पूरा हो जाएगा।