यूपी में BJP का है जमाना तो सपा क्यों बन रही दलबदलुओं का सियासी ठिकाना?
उत्तर प्रदेश में राजनीतिक दल अपने सियासी-सामाजिक समीकरण दुरुस्त करने में जुटे...
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बरेली | उमेश पाल हत्याकांड के बाद अतीक और उसके करीबियों पर यूपी सरकार हर स्तर पर शिकंजा कसा जा रहा है, माफिया के हर मददगार के खिलाफ एक्शन की तर्ज पर तीन जिलों के वरिष्ठ जेल अधीक्षकों को निलंबित किया गया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार बरेली, नैनी और बांदा जेल के जेल अधीक्षकों को लापरवाही बरतने के आरोप में सस्पेंड किया गया है।
माफिया अतीक अहमद के भाई अशरफ प्रकरण में जिला जेल अधीक्षक राजीव शुक्ला निलंबित कर दिए गए। मंगलवार को शासन स्तर से उनके विरुद्ध कार्रवाई हुई है। बता दें कि प्रयागराज के उमेश पाल हत्याकांड के बाद सामने आया था कि जिला जेल में बंद माफिया अतीक के भाई अशरफ की गैरकानूनी तरीके से मुलाकात कराई जाती थी।