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बैतूल कलेक्टर के ट्वीटर हैंडल से सरकार विरोधी पोस्ट रिट्वीट की गई। मामले ने तूल पकड़ा तो जनसंपर्क विभाग ने ट्वीटर हैंडलर की सेवाएं समाप्त कर दीं। FIR दर्ज करने के बाद जांच साइबर सेल को सौंपी गई है।
जनवरी 2021 में बने कलेक्टर बैतूल के ट्वीटर हैंडल पर 17 सितंबर की रात 11:20 बजे एक पोस्ट नजर आई। इसमें समीक्षा सिंह नाम के ट्विटर हैंडल से की गई एक पोस्ट को रिट्वीट किया गया। इसकी टैग लाइन में लिखा है- जनता अब भ्रष्टाचारी सरकार को सत्ता से बाहर कर देगी। इसके साथ लगे पोस्टर में घोटाला ही घोटाला और 86 हजार करोड़ लिखा है।
कलेक्टर अमनबीर सिंह बैंस ने बताया कि एक ट्वीटर अकाउंट होल्डर ने टेलीग्राम कर उन्हें इस पोस्ट के बारे में बताया। इसे देखने के बाद उन्होंने रात को ही एडीएम जय प्रकाश सैयाम को मामले में एफआईआर कराने के निर्देश दिए।

रात तीन बजे FIR, हैंडलर कर्मचारी को हटाया
एडीएम सैयाम ने रात 3 बजे प्रशासन की ओर से आवेदन देकर बैतूल गंज थाने में अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई। उन्होंने बताया कि मामले की जांच प्रशासनिक स्तर पर भी की जा रही है।
वहीं, सहायक जनसंपर्क अधिकारी मुकेश दुबे ने कहा, ‘कलेक्टर के ट्वीटर हैंडल से रिपोस्ट मामले में आउटसोर्स कर्मचारी शिवराम बारंगे की सेवाएं समाप्त कर दी गई हैं। उसे तत्कालीन पीआरओ सुरेंद्र तिवारी ने रखा था।’
थाना प्रभारी देवकरण ने प्रकरण की फाइल साइबर सेल को भेजने की बात कहकर ज्यादा जानकारी देने से इनकार कर दिया।

कलेक्टर अमनबीर सिंह बैंस के मुताबिक, यह ऑफिशियल ट्विटर अकाउंट जिला जनसंपर्क कार्यालय द्वारा हैंडल किया जाता है। इसका आईडी-पासवर्ड पीआरओ के पास रहता है। पीआरओ इस ट्विटर हैंडल पर अपने कार्यालय कर्मचारियों के जरिए कोई ट्वीट या रिट्वीट कराते हैं।